पंजाब-हिमाचल में शानन प्रोजेक्ट को लेकर जंग: CM सुक्खू बोले- लीज खत्म होते ही हमें मिले, मुख्यमंत्री मान ने केंद्र को पत्र लिख जताई दावेदारी

पंजाब-हिमाचल में शानन प्रोजेक्ट को लेकर जंग: CM सुक्खू बोले- लीज खत्म होते ही हमें मिले, मुख्यमंत्री मान ने केंद्र को पत्र लिख जताई दावेदारी

[ad_1]

  • Hindi News
  • Local
  • Himachal
  • Shimla
  • Shimla: Himachal Vs Punjab | War Over Shanan Power Project Project | Himachal CM Sukhvinder Sukhu Vs Punjab CM Bhagwant Mann | Expressed His Claim | Project Lease | Himachal Punjab Shimla News

शिमला4 घंटे पहले

  • कॉपी लिंक
हिमाचल के मुख्यमंत्री सुखविंदर सुक्खू और पंजाब के CM भगवंत मान। - Dainik Bhaskar

हिमाचल के मुख्यमंत्री सुखविंदर सुक्खू और पंजाब के CM भगवंत मान।

हिमाचल के जोगेंद्रनगर में स्थापित शानन प्रोजेक्ट को लेकर प्रदेश और पंजाब सरकार में ठनती जा रही है। मुख्यमंत्री सुखविंदर सुक्खू ने कहा कि शानन प्रोजेक्ट की 99 साल लीज अगले साल मार्च में पूरी हो रही है। इसलिए यह प्रोजेक्ट हिमाचल को मिलना चाहिए।

CM सुक्खू ने यह मामला उत्तर क्षेत्रीय परिषद की अमृतसर में संपन्न मीटिंग में भी केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के समक्ष भी उठाया। उन्होंने कहा कि पंजाब के CM भगवंत मान से भी शानन प्रोजेक्ट हिमाचल को वापस करने का आग्रह किया है।

पंजाब CM के पत्र से हलचल
इस बीच पंजाब के CM भगवंत मान ने पंजाब पुनर्गठन एक्ट 1966 के उपबंधों का तर्क देते हुए केंद्र को पत्र लिखकर शानन प्रोजेक्ट पंजाब सरकार के पास रखने की मांग कर अपने इरादे स्पष्ट कर दिए हैं। उन्होंने लिखा कि पंजाब पुनर्गठन एक्ट संसद में बना कानून है, जिसके आधार पर पंजाब, हरियाणा और हिमाचल प्रदेश राज्यों का गठन हुआ।

पंजाब का दावा- 48 मेगावाट से बढ़ाकर 110 मेगावाट की क्षमता
भगवंत मान ने केंद्र को लिखे पत्र पत्र में कहा कि पंजाब बिजली बोर्ड ने साल 1975 से 1982 तक अपने खर्चे पर शानन प्रोजेक्ट का विस्तार किया। पहले इसकी बिजली उत्पादन की क्षमता 48 मेगावाट थी, जिसे बढ़ाकर 110 मेगावाट किया गया। उन्होंने केंद्र सरकार से इस मामले में पूर्व निर्धारित स्थिति बरकरार रखते हुए शानन पावर हाउस की मलकीयत पंजाब के सुपुर्द करने की मांग की।

अब केंद्र के हाथ में गेंद
हिमाचल और पंजाब में शानन पावर प्रोजेक्ट पर मालिकाना हक की जंग छिड़ गई है। अब केंद्र सरकार फैसला लेगी की यह प्रोजेक्ट किसे सौंपा जाए। हिमाचल सरकार जब आय के नए संसाधन तलाश रही है, ऐसे में लगभग 200 करोड़ रुपए की सालाना आय का इंतजाम करने वाले शानन प्रोजेक्ट पर मालिकाना हक लेने के लिए राज्य सरकार हर संभव प्रयास करेगी।

वहीं पंजाब सरकार भी कमाऊ पूत शानन प्रोजेक्ट को छोड़ने को तैयार नहीं है।

चंबा के चुराह में जम्मू कश्मीर के लोग करते हैं अतिक्रमण
मुख्यमंत्री सुक्खू ने कहा कि उत्तर क्षेत्रीय परिषद मीटिंग के दौरान उन्होंने जम्मू कश्मीर के गवर्नर से बात की। उन्होंने कहा कि जम्मू कश्मीर के लोग चंबा के चुराह में हिमाचल अंदर तक आ जाते हैं और वहां कब्जा कर देते हैं। उन्होंने राज्यपाल से आग्रह किया सर्वे ऑफ इंडिया से मेपिंग करवाकर फेंसिंग करवाई जाए। उन्होंने कहा कि सरचू में भी अतिक्रमण को लेकर बात की है।

केंद्र से मांगा स्पेशल पैकेज
मुख्यमंत्री ने कहा कि मीटिंग के दौरान केंद्र से स्पेशल रिलीफ पैकेज की मांग की गई। CM ने कहा कि हमने डिजास्टर नियमों के तहत 10 हजार करोड़ रुपए के नुकसान की रिपोर्ट केंद्र को भेजी है। केंद्र के नियमों के हिसाब से भी 1500 से 2000 करोड़ बनता है। कम से कम वो हिमाचल को जल्दी मिलना चाहिए।

खबरें और भी हैं…

[ad_2]

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *